# How To Get More Views on YouTube (2026) | Views Double आएंगे 🚀 Channel: Aksh Verma Video: https://www.youtube.com/watch?v=kHiYuemJXN8 Duration: 9 min Language: Hindi Words: 1801 Transcript page: https://viewrankai.com/tools/youtube-transcript/kHiYuemJXN8 --- [0:00] तो एक सबसे बड़ी गलती जो सारे नए यूटर्स करते हैं, वह अपनी वीडियो अपलोड करते ही सीधा पब्लिक कर देते हैं और फिर सोचते हैं कि व्यूज क्यों नहीं आ रहे? YouTube का एल्गोरििदम पुश क्यों नहीं कर रहा और मेरे सब्सक्राइबर्स क्यों नहीं बढ़ रहे? तुम सोचते हो वीडियो कमजोर है या फिर एडिटिंग को ब्लेम कर देते हो और कभी-कभी शायद थंबनेल पे भी शक होता है। लेकिन असली वजह क्या है? सिर्फ एक छोटी सी सेटिंग। देखो YouTube एक मशीन की तरह है जो वीडियो को टेस्ट करता है। तुम्हारी वीडियो पब्लिक होते ही उसको कुछ लोगों के सामने दिखाता है। अब अगर उस वक्त YouTube एल्गोरिदम को [0:32] तुम्हारा टाइटल, थंबनेल, डिस्क्रिप्शन, टैग्स देखने का टाइम ही ना मिले तो वो वीडियो गलत ऑडियंस, गलत लोगों के सामने चली जाती है और जब वो गलत लोग उस वीडियो को इग्नोर करते हैं तो YouTube समझता है तुम्हारी वीडियो बेकार है और तुम्हारी सारी मेहनत बेकार। मुझे याद है पहली बार जब मैंने डायरेक्टली पब्लिक अपलोड किया था उस वीडियो के व्यूज इतने स्लो आए कि मुझे लगा शायद YouTube मेरे खिलाफ है। पर सच यह है कि YouTube खिलाफ नहीं था। गलती मेरी थी। और इसी वीडियो में मैं तुम्हें वो सही तरीका दिखाने वाला हूं जिससे तुम अपनी वीडियोस को YouTube के लिए प्रॉपर्ली तैयार कर पाओगे। ताकि YouTube के [1:04] एल्गोरििदम को तुम्हारी वीडियोस को गलत लोगों के सामने पहुंचाने की जरूरत ना पड़े। बल्कि एग्जैक्टली उन लोगों के सामने ले जाए जो तुम्हारी वीडियोस देखना चाहते हैं। और तभी तुम्हें मिलेंगे ज्यादा व्यूज, ज्यादा सब्सक्राइबर्स और रियल ग्रोथ। अब सोचो तुमने वीडियो बनाई, एडिट की, थंबनेल लगाया और बिना सोचे सीधा पब्लिक पे क्लिक कर दिया। तुम्हें लगता है कि व्यूज जल्दी आएंगे। लेकिन असली में तुमने काफी बड़ी गलती कर दी है। अपना नुकसान कर दिया है। क्यों? क्योंकि YouTube को तुम्हारी वीडियो समझने का टाइम नहीं मिला। YouTube को तुम्हारा टाइटल समझना होता है, थंबनेल एनालाइज करना होता है, डिस्क्रिप्शन और टैग्स चेक करने होते हैं। ये सब चीजें YouTube एल्गोरिदम के [1:42] लिए सिग्नल होती हैं। पर जब एकदम से अपनी वीडियो को पब्लिक कर देते हो तो YouTube बिना प्रिपेयर हुए तुम्हारी वीडियो को रैंडम लोगों के सामने दिखा देता है। अब प्रॉब्लम यह होती है YouTube हर नई वीडियो को टेस्ट करता है। मतलब पहले कुछ लोगों को दिखाता है। अगर उन्होंने क्लिक नहीं किया या सिर्फ थोड़ी देर देख के चले गए तो YouTube समझता है वीडियो बेकार है। बोरिंग है और लोगों को दिखाने की जरूरत नहीं है। और फिर हमको रिजल्ट मिलते हैं वीडियो डेड ना व्यूज आते हैं उसके बाद ना सब्सक्राइबर्स आते हैं और फिर वीडियो एक पॉइंट पे रुक जाती है। 100 व्यूज 200 व्यूज ऐसा होता है अक्सर। और ये सिर्फ एक [2:09] वीडियो की बात नहीं है। अगर तुम बार-बार यही सेम गलती करते हो तो YouTube तुम्हारे चैनल को ही गलत ऑडियंस के साथ छोड़ देता है। मतलब आने वाली वीडियोस को भी गलत लोगों के सामने दिखाएगा। सारी की सारी मेहनत बेकार जाएंगी। सिंपल शब्दों में तुमने खुद ही अपना चैनल स्लो कर दिया है। तो अब सवाल यह आता है वीडियो को डायरेक्टली पब्लिक नहीं करना तो सही तरीका क्या है? मैं बताता हूं। तो जब तुम वीडियो अपलोड करते हो, YouTube तुम्हें विजिबिलिटी ऑप्शंस देता है। प्राइवेट, अनलिस्टेड, शेड्यूल और प्रीमियर ऐसे ऑप्शंस मिलते हैं अपने आपको। प्राइवेट की बात करें मतलब सिर्फ तुम देख सकते हो। अगर चाहो तो ईमेल ईमेल के थ्रू अपनी वीडियो [2:45] किसी को भेज सकते हो। सेकंड अनलिस्टेड मतलब जो लोग लिंक के थ्रू जाएंगे वही वीडियो देख पाएंगे। अगर लिंक नहीं दिया है तुमने किसी को शेयर नहीं करा तो वो वीडियो नहीं देख पाएगा। थर्ड चीज़ पब्लिक। इसका मतलब तो तुम्हें पता ही है सबके लिए इंस्टैंटली वीडियो लाइव हो जाती है और यह एक गलती भी हो सकती है तुम्हारी। लास्ट आता है शेड्यूल। यह बेस्ट ऑप्शन होता है हर बार यूटबर के लिए। हर बड़ा यूट्यूबर अपनी वीडियो को कभी पब्लिक नहीं करता। मैं भी नहीं करता। हम शेड्यूल करते हैं। क्यों? क्योंकि जब तुम वीडियो को शेड्यूल करते हो YouTube को टाइम मिलता है तुम्हारी वीडियो को प्रोसेस करने का। [3:14] टाइटल डिस्क्रिप्शन टैग्स प्रॉपर्ली रीड करने का, थंबनेल को टेस्ट करने का और फिर सही ऑडियंस के लिए वीडियो को तैयार करने का। इसका मतलब यह है कि जब तुम्हारी वीडियो फाइनली लाइव होती है, YouTube ऑलरेडी प्रिपयर्ड होता है, तैयार होता है उसे सही ऑडियंस तक पुश करने के लिए। YouTube को ज्यादा मेहनत नहीं करनी पड़ती। उसने अपना काम कर चुका होता है। और एक प्रो टिप यहां पे मैं आपके साथ शेयर करना चाहता हूं। अगर तुम मोबाइल से अपलोड कर रहे हो तो YouTube ऐप या स्टूडियो ऐप से डायरेक्ट पब्लिक मत करो। Chrome ब्राउज़र ओपन करो। studyu.com पे जाओ। वहां से अपलोड शेड्यूल करो। क्योंकि वहीं तुम्हें [3:45] ऑप्शन मिलता है पब्लिश टू सब्सक्रिप्शन फीड एंड नोटिफाई सब्सक्राइबर्स का। अगर तुम ऐप से अपलोड करते हो तो कभी-कभी मतलब कभी-कभी हो जाता है कि सब्सक्राइबर्स के पास नोटिफिकेशन नहीं जाते। अगर आपके पास ऑलरेडी सब्सक्राइबर बेस है तो उनको नोटिफिकेशन नहीं मिलते। काफी कभी-कभी हो जाता है ऐसा। अब अगर मान लो तुमने डिसाइड कर लिया है कि वीडियो को शेड्यूल करना है। अब सवाल यह आता है कि शेड्यूल कब करें और कैसे करें ताकि हमारी वीडियो को ज्यादा से ज्यादा फायदा मिले। सिर्फ तीन स्टेप्स में यह सब समझाता हूं। लेकिन उससे पहले एक और इंपॉर्टेंट स्टेप बाकी है। इस चैनल को सब्सक्राइब करना। इस चैनल पे मैं ऐसी ही [4:15] YouTube से रिलेटेड वीडियोस लाता रहता हूं। YouTube हैक, YouTube ग्रो से रिलेटेड वीडियोस आती रहती हैं जो तुम्हें YouTube पे ग्रो करने में बहुत हेल्प करेंगी। तो अगर तुम ग्रो करना चाहते हो YouTube पे तो नीचे जाओ और सब्सक्राइब का रेड बटन दबा दो। अब वैसे वीडियो शेड्यूल करने का फार्मूला बहुत ज्यादा सिंपल है। सबसे पहले सही डेट सेट करो। अगर तुम आज वीडियो अपलोड कर रहे हो तो उसे आज के लिए शेड्यूल मत करो। समझ रहे हो? पब्लिक मत करो। लोगों के सामने मत भेजो। एक दिन आगे का टाइम दो। जैसे कल या परसों। इससे YouTube को प्रॉपर टाइम मिलता है तुम्हारी वीडियो को प्रोसेस करने का और उसके लिए [4:47] सही ऑडियंस ढूंढने का। दूसरी चीज सही टाइम सेलेक्ट करो। अब बात आती है टाइम की तो बेस्ट टाइम वो होता है जब तुम्हारी ऑडियंस एक्टिव हो। एंड वैसे जनरली लोग YouTube पे ज्यादा एक्टिव एक्टिव मॉर्निंग में 7 टू 9 am और इवनिंग में 5:00 से 8:00 बजे पे रहते हैं। ये दोनों टाइम में ऑडियंस ज्यादा फ्री होती है और तुम्हारी वीडियो पे क्लिक होने के चांसेस बहुत ज्यादा बढ़ जाते हैं। एंड थर्ड एंड लास्ट चीज रिलैक्स करो। अब तुम्हें ऑनलाइन रहने की जरूरत नहीं है। मतलब एक बार तुमने वीडियो शेड्यूल कर दी। YouTube अपने आप तुम्हारी वीडियो लाइव कर देगा और सही ऑडियंस के सामने सही टाइम पे दिखा देगा जो तुमने [5:20] सेलेक्ट किया है। और सबसे बड़ी बात तुम एक दिन में 5 से 10 20 जितनी चाहो उतनी वीडियो अपलोड करके शेड्यूल कर सकते हो। मतलब एक दिन की मेहनत और पूरे हफ्ते भर की छुट्टी। तुमने एक दिन वीडियो अपलोड करी 10 वीडियो और हर दिन के लिए एक-एक वीडियो सेट कर दी। एक दिन दो दिन शेड्यूल कर दी और वीडियो अपने आप अपलोड हो जाएंगी। पब्लिश हो जाएंगी। और ऐसे ही वीडियो शेड्यूल कर करके तुम अब एल्गोरििदम को टाइम भी दे देते हो और अपने लिए एक कंसिस्टेंसी भी बना लेते हो। अब एक और ऑप्शन होता है अपलोड करते वक्त जिसमें बहुत यूर्स कंफ्यूज हो जाते हैं। प्रीमियर यह वैसेेंट [5:50] है। सुनने में बड़ा मस्त लगता है। वीडियो प्रीमियर होगी। लोग वेट करेंगे चैट लाइव होगी। लेकिन सच बात यह है हर किसी वीडियो के लिए प्रीमियर करना बिल्कुल सही नहीं है। देखो प्रीमियर एक इवेंट बनाता है। मतलब तुम्हारी वीडियो लाइव होने से पहले ही YouTube उसका पोस्टर दिखा देता है। ऑडियंस रिमाइंडर लगा सकती है और जब वीडियो शुरू होती है तो चैट के साथ आप लाइव चैट कर सकते हैं सब लोग। अब यह चीज सही लगती है उन क्रिएटर्स के लिए जो म्यूजिक ल्च करते हैं, शॉर्ट फिल्म ल्च करते हैं। ट्रेलर, कॉमेडी स्किट्स कुछ बड़ा ल्च कर रहे हैं जो जनरली ना काफी टाइम बाद। मतलब [6:20] लोग जेनुइनली जहां पे एक्साइट होते हैं। इस डेट को इस टाइम पे यह वीडियो आएगी। लेकिन अगर तुम डेली वीडियोस बना रहे हो जैसे ट्यूटोरियल, टिप्स, डेली वॉग्स तो हर वीडियो प्रीमियर करने का कोई फायदा नहीं है। क्यों? क्योंकि YouTube को प्रोसेस करने का टाइम ही नहीं मिलता। वीडियो हाइप में तो लाइव हो जाएगी लेकिन एल्गोरििदम कंफ्यूज्ड हो जाएगा। और रिजल्ट क्या आएंगे? सीटीआर लो, वॉच टाइम डाउन और तुम्हारा मोटिवेशन खत्म। इसके बजाय अगर तुम शेड्यूल यूज़ करते हो तो YouTube को प्रॉपर वक्त मिलता है। तुम्हारी वीडियो को समझने का। टाइटल, डिस्क्रिप्शन, थंबनेल, टैग सब प्रोसेस होता है और जब वीडियो लाइव होती है वह एकदम रेडी होती है सही ऑडियंस [6:54] के लिए। मतलब तुम्हें नेचुरल पुश मिलता है। लेकिन हां प्रीमियर के भी अपने फायदे हैं। अपनी जगह पे वो फायदे हैं। डबल नोटिफिकेशन ये सब चीजें लेकिन सिर्फ स्पेशल वीडियोस के लिए और नॉर्मल ग्रोथ और बेसिक कंसिस्टेंसी डेली अपलोड इन सब चीजों के लिए अपना शेड्यूल बेस्ट है। और तुम नीचे मुझे कमेंट बॉक्स में जाके बताओ कि अभी तक तुम किस तरीके से अपनी वीडियो को पब्लिश करते थे। डायरेक्ट पब्लिक करके, शेड्यूल करके या प्रीमियर करके। देखते हैं ज्यादातर लोग किस तरीके का यूज करते हैं। सच बताना। तो अब तुम्हें क्लियर हो चुका है कि YouTube पे गलती तुम्हारी वीडियो की नहीं गलती सिर्फ अपलोड की एक हैबिट की थी। [7:28] फिर से बता दूं डायरेक्ट पब्लिक का मतलब YouTube को कंफ्यूज करना। शेड्यूल करके डालना मतलब YouTube रेडी और तुम्हारी वीडियो करेक्ट ऑडियंस के सामने। प्रीमियर मतलब सिर्फ स्पेशल लोकेशन के लिए। YouTube को अपना दुश्मन मत समझो। यह मशीन तुम्हारी ग्रोथ के लिए बनी है। बस उसको सही सिग्नल चाहिए। और जब तुम अपनी वीडियो को सही तरीके से शेड्यूल करते हो तो तुम एल्गोरििदम को पॉजिटिव सिग्नल दे रहे होते हो और एक बार तुम्हारी वीडियो सही लोगों तक पहुंचने लग गई ग्रोथ अपने आप स्टार्ट हो जाएगी। तुम्हारे सब्सक्राइबर्स बढ़ेंगे, वॉच टाइम बूस्ट होगा और तुम्हारा मोटिवेशन वापस से डबल हो जाएगा। और अब अगला स्टेप बहुत सिंपल है। वीडियो अपलोड [8:00] करने के बाद क्या करना चाहिए वो जानना भी बहुत ज्यादा जरूरी है। क्योंकि 50% काम होता है वीडियो अपलोड करना। लेकिन बाकी 50% काम वीडियो अपलोड करने के बाद शुरू होता है। तो इस वीडियो पे क्लिक करो। इसमें मैंने बताई है पांच चीजें जो तुम्हें करनी चाहिए हर YouTube वीडियो को अपलोड करने के बाद जिससे तुम्हारी ग्रोथ 10 गुना और तेजी से होगी और अगर तुमने यह मिस किया तो पक्का तुम्हारा कंपटीशन तुमसे आगे निकल जाएगा। --- About this transcript Read from YouTube's own caption track and laid out by ViewRank AI (https://viewrankai.com). ViewRank AI finds the videos already beating a creator's own average on Instagram, TikTok and YouTube Shorts, transcribes them from the audio itself in more than 60 languages, and turns what worked into new ideas and scripts. Free transcript tools, no account needed: https://viewrankai.com/tools How to read any video this way: https://viewrankai.com/llms.txt